ऑफलाइन पंजीकरण व सत्यापन कर मुख्यमंत्री ने किए गंगोत्री धाम के दर्शन

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देहरादून। अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर मंगलवार (03 मई 2022) को गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट विधि विधान के साथ खोले गए।मुख्यमंत्री माननीय पुष्कर सिंह धामी ने ऑफलाइन पंजीकरण कर अपना सत्यापन भी कराया। तत्पश्चात मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने गंगोत्री में पूजा अर्चना की और प्रदेश वासियों की खुशहाली की कामना की। स्थानीय सूत्रों के अनुसार गंगोत्री धाम में लगभग 3000 और यमुनोत्री धाम में लगभग 7000 यात्रियों ने पहले दिन दर्शन का लाभ उठाया।

पर्यटन विभाग ने इस बार चारधाम यात्रा पर आने वाले तीर्थ यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ऑफलाइन व ऑनलाइन पंजीकरण को अनिवार्य किया है। बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री व यमुनोत्री धाम की यात्रा करने के लिए तीर्थयात्री और श्रद्धालु पर्यटन विभाग की वेबसाइट registrationandtouristcare-uk.gov.in पर आनलाइन पंजीकरण कर रहे हैं। वहीं तीर्थ यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए क्यूआर कोड की सुविधा वाला हाईटेक रिस्टबैंड दिया जा रहा है। इससे न केवल यह पता लग सकेगा कि पंजीकरण करने वाले यात्री ने दर्शन किए हैं या नहीं बल्कि तीर्थयात्रियों और उनके वाहनों को आसानी से ट्रैक किया जा सकेगा। इससे पर्यटन विभाग को यह पता रहेगा कि कौन सा यात्री कहां पर है। इससे चारधाम यात्रा को व्यवस्थित ढंग से संचालित करने में आसानी होगी।

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चारधाम यात्रा के लिए देश-दुनिया से आने वाले तीर्थयात्रियों का स्वागत करते हुए पर्यटन मंत्री श्री सतापल महाराज ने कहा कि उत्तराखण्ड देवभूमि है, श्रद्धालुओं का अतिथि देवो भवः की परम्परा के अनुरूप राज्य में चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा का पूरा ध्यान रखा जाएगा। इसके लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं।

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सचिव पर्यटन श्री दिलीप जावलकर ने कहा ‌कि अभी तक क़रीब साढ़े चार लाख लोग सफलतापूर्वक अपना पंजीकरण करवा चुके हैं। नेटवर्क और सर्वर पर लोड काफी अधिक पड़ रहा है। यद्यपि सिस्टम को इस प्रकार डिजायन किया गया है कि ऑफलाइन होने की दशा में भी पंजीकरण निर्बाध रूप से चलता रहे। साथ ही ऑनलाइन होने पर डाटा स्वतः ‌ही अद्यतित हो जाता है। इस प्रकार पंजीकरण निर्बाध रूप से चल रहा है और लोड के अनुरूप गति पकड़ रहा है। उन्होंने कहा कि ये डेटा स्थानीय प्रशासन को इस उद्देश्य के साथ प्रेषित किया जा रहा है ताकि यात्रा व्यवस्थति ढंग से संचालन हो सके और किसी अप्रिय घटना की शीघ्र जानकारी प्राप्त कर राहत बचाव की टीम को सूचित किया जा सकता है।

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ऐसे करें ऑनलाइन पंजीकरण
सबसे पहले आप http://registrationandtouristcare.uk.gov.in पोर्टल पर जाए। स्वयं को रजिस्टर करें। नाम और मोबाइल नंबर डाले। पासवर्ड सेट करें।साइनअप पर क्लिक करें। ओटीपी दर्ज करें। पंजीकरण हो चुका है। पुनः मोबाइन नंबर, पासवर्ड और कॅप्चा दर्ज कर साइन इन करें। प्रोफाइन खुल चुका है। डेशबोर्ड पर एड और मैनेज टूर पर क्लिक करें। जानकारी सेव करें।यात्री एड करें। क्यूआर कोड तैयार है। पीडीएफ डाउनलोड करें।