मनोहर लाल, माननीय केंद्रीय विद्युत, आवास एवं शहरी कार्य मंत्री ने खुर्जा एसटीपीपी(2×660 मेगावाट) की दूसरी इकाई की सीओडी पर टीएचडीसीआईएल की सराहना की

107

ऋषिकेश:  टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड ने खुर्जा, उत्तर प्रदेश में खुर्जा सुपर थर्मल पावर प्रोजेक्ट (2×660 मेगावाट) की दूसरी इकाई (660 मेगावाट) का वाणिज्यिक प्रचालन सफलतापूर्वक शुरू कर दिया। इस महत्वपूर्ण अवसर पर भारत सरकार के माननीय केंद्रीय विद्युत, आवास एवं शहरी कार्य मंत्री  मनोहर लाल उपस्थित थे, जिन्होंने वर्चुअल माध्यम से दूसरी इकाई के प्रचालन का आधिकारिक उद्घाटन किया।  ए. के. शर्मा, माननीय ऊर्जा एवं नगर विकास मंत्री, उत्तर प्रदेश सरकार और  नरेंद्र भूषण (आईएएस), अपर मुख्य सचिव, ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्त्रोत, उत्तर प्रदेश सरकार तथा अन्य अधिकारी भी वर्चुअल माध्यम से इस कार्यक्रम में उपस्थित थे। इस कार्यक्रम में विद्युत क्षेत्र के प्रतिष्ठित गणमान्य व्यक्तियों ने भाग लिया, जो विद्युत मंत्रालय, श्रम शक्ति भवन, नई दिल्ली से वर्चुअल माध्यम से शामिल हुए, जिनमें श्री घनश्याम प्रसाद, अध्यक्ष, केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण,  श्रीकांत नागुलापल्ली (आईएएस), अपर सचिव, विद्युत मंत्रालय, भारत सरकार; श्री पीयूष सिंह (आईएएस), अपर सचिव, विद्युत मंत्रालय, भारत सरकार;  आर. के. विश्नोई, अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, टीएचडीसीआईएल शामिल थे। खुर्जा परियोजना नियंत्रण कक्ष से, इस कार्यक्रम में टीएचडीसीआईएल के निदेशक (वित्त) श्री सिपन कुमार गर्ग और टीएचडीसीआईएल के कार्यपालक निदेशक (परियोजना)  कुमार शरद के साथ-साथ टीएचडीसीआईएल के वरिष्ठ अधिकारी और परियोजना संघ के प्रतिनिधि, जिसमें एनटीपीसी, बीएचईएल, स्टीग, राइट्स, जीई वर्नोवा, एल एंड टी, एमर्सन और विद्युत क्षेत्र के अन्य प्रमुख हितधारक उपस्थित रहे।

Also Read....  मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने नीति एक्सट्रीम अल्ट्रा रन 2026 के काउंटडाउन रन को किया फ्लैग ऑफ

 मनोहर लाल, माननीय केंद्रीय विद्युत, आवास एवं शहरी कार्य मंत्री, भारत सरकार ने इस महत्वपूर्ण उपलब्धि को प्राप्त करने पर टीएचडीसीआईएल और खुर्जा सुपर थर्मल पावर परियोजना से जुड़े सभी हितधारकों को बधाई दी। उन्होंने विद्युत क्षेत्र के विकास को गति देने, ग्रिड स्थिरता को सुदृढ़ करने और उत्तर प्रदेश तथा राष्ट्र की ऊर्जा आकांक्षाओं को पूरा करने में केएसटीपीपी की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया। माननीय मंत्री ने इस बात पर भी बल दिया कि पारंपरिक रूप से एक जलविद्युत कंपनी के रूप में मान्यता प्राप्त टीएचडीसीआईएल ने इस तापीय परियोजना को रिकॉर्ड समय में पूरा करके एक नया मानदंड स्थापित किया है, जो पूरे उद्योग जगत के लिए एक प्रेरणा है।

Also Read....  सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों पर एक्शन मोड में प्रशासन, कार्यस्थल और सार्वजनिक स्थान महिलाओं के लिए हो सुरक्षित

उत्तर प्रदेश सरकार के ऊर्जा एवं नगर विकास मंत्री,  ए. के. शर्मा ने सीओडी की इस उपलब्धि की सराहना करते हुए कहा कि केएसटीपीपी की दूसरी इकाई भारत की बढ़ती ऊर्जा आवश्यकताओं को विश्वसनीय और किफायती विद्युत से पूरा करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह उत्तर प्रदेश को ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। उन्होंने आगे ज़ोर देकर कहा कि यह परियोजना राज्य और क्षेत्र के विद्युत आपूर्ति परिदृश्य को काफ़ी मज़बूत करेगी।

सीईए के अध्यक्ष,  घनश्याम प्रसाद ने इस उपलब्धि पर टीएचडीसीआईएल को बधाई दी और कहा कि केएसटीपीपी न केवल उत्तर प्रदेश और उत्तरी भारत में विद्युत आपूर्ति को बढ़ाएगा, बल्कि आधुनिक, कुशल और सतत विद्युत अवसंरचना विकसित करने के लिए देश की प्रतिबद्धता की भी पुष्टि करेगा।

टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक  आर.के.विश्नोई ने इस अवसर पर  विशिष्ट उपस्थिति के लिए माननीय केंद्रीय विद्युत, आवास एवं शहरी कार्य मंत्री, मनोहर लाल का आभार व्यक्त किया। उन्होंने उत्तर प्रदेश सरकार के माननीय ऊर्जा एवं शहरी विकास मंत्री  ए.के. शर्मा की उपस्थिति के लिए भी आभार व्यक्त किया। उन्होंने विद्युत मंत्रालय और एनटीपीसी के निरंतर मार्गदर्शन और सहयोग की सराहना की, जिनके निरंतर प्रोत्साहन ने खुर्जा एसटीपी परियोजना (2x 600 मेगावाट) के सफल क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

Also Read....  होलकर एजुकेशन ट्रस्ट के प्रतिनिधि मंडल ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से की भेंट, जयंती समारोह का दिया निमंत्रण

14 विशेष पैकेजों के माध्यम से निर्मित 1320 मेगावाट के इस संयंत्र ने अपनी पहली इकाई की सीओडी 26.01.2025 को और दूसरी इकाई की 22.09.2025 को प्राप्त की, जिससे कोविड-19 और अन्य चुनौतियों के बावजूद इसे सुचारू रूप से पूरा किया गया। अल्ट्रा-सुपरक्रिटिकल तकनीक, उच्च दक्षता वाले पर्यावरणीय सुरक्षा उपायों और अमेलिया खदान से प्राप्त कैप्टिव कोल लिंकेज से सुसज्जित, इस परियोजना को सालाना 9,264 मिलियन यूनिट विद्युत उत्पादन के लिए परिकल्पित किया गया है, जो भारत की विद्युत क्षमता और विश्वसनीयता में प्रभावी योगदान देगा।

उल्लेखनीय है कि टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड की इक्विटी एनटीपीसी और उत्तर प्रदेश सरकार के बीच साझा की जाती है।

 

 

 

LEAVE A REPLY