जिला प्रशासन का विजन होता दिख रहा सफल; मुख्यधारा से जुड़ने लगा सड़क पर बिखरा मायूस बचपन; खेल स्पर्धा से शिक्षा की ओर;

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Voice of Uttarakhand

– सड़क से पदक विनर तक; बच्चों को आत्मविश्वासी बना रहा डीएम का विजन, आधुनिक इंटेसिव केयर सेंटर,

–  मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन; जिला प्रशासन के सतत प्रयास से खिलखिला उठा मायूस बचपन

– बाल दिवस पर इंटेंसिव केयर सेंटर में “स्पोर्ट्स डे” का शानदार आयोजन अलकनंदा हाउस बना ओवरऑल चैंपियन

देहरादून, –  राज्य के प्रथम आधुनिक इंटेंसिव केयर सेंटर में बाल दिवस के अवसर पर “स्पोर्ट्स डे” 2025″ का शानदार आयोजन किया किया गया।  मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में में जिला प्रशासन सतत् प्रयास से भिक्षावृत्ति में संलिप्त बच्चे अब सड़क से उठकर पदक विजेता की दौड में शामिल होने लगे हैं यह सब आधुनिक इंटेसिंव केयर सेंटर में बच्चों को दी जा रही शिक्षा एवं विभिन्न गतिविधि से संभव हो पाया है जिससे बच्चों में शिक्षा एवं खेल के प्रति जिज्ञासा बढ़ गई है। इसी का परिणाम है कि भिक्षावृत्ति, बाल मजदूरी, कूड़ा बिनते हुए रेस्क्यू किए गए बच्चे अब मुख्यधारा से जुड़ने लगे हैं। फलस्वरुप बच्चे अब शिक्षा के साथ खेल स्पर्धा से जुड़कर पदक विजेता बनकर उभर रहे हैं।

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आधुनिक इंटेंसिव केयर सेंन्ट में बच्चों को उत्तराखंड की दो नदियों और दो पर्वत चोटियों के नाम पर चार सदनों (नंदा/लाल, अलकनंदा/हरा, पिंडर/पीला, और त्रिशूल / नीला) में विभाजित किया गया।

प्रमुख गतिविधियां में अतिथियों के स्वागत के बाद, चारों सदनों द्वारा मार्च पास्ट किया गया, जिसके बाद सभी छात्रों ने पीटी डिस्प्ले में अपनी फिटनेस का प्रदर्शन किया। स्वागत नृत्य भी कार्यक्रम का हिस्सा था। छात्रों द्वारा किया गया

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बच्चों ने उत्साहपूर्वक खेलों में भाग लिया लेमन रेस स्पर्धा (छोटे बच्चे) पदक, सुनाक्षी (नंदा) रजत पदक, ब्यूटी व शिवानी (अलकनंदा / पिंडार) कांस्य स्पर्धा में (छोटे बच्चे) आर्यन (अलकनंदा) स्वर्ण पदक, तन्नू (पिंडार) रजत पदक, पदक रहे। मनप्रीत (त्रिशूल) स्वर्ण पदक रहे। सैक रेस करण (त्रिशूल) कांस्य

100 मीटर दौड़ बालक स्पर्धा में लक्ष्मण (त्रिशूल) स्वर्ण पदक, शिवा (पिंडार) रजत पदक, हरीश (अलकनंदा) कांस्य पदक रहे। 100 मीटर दौड़ बालिका स्पर्धा में सोनम (अलकनंदा) स्वर्ण पदक, गुडिया (पिंडार) रजत पदक, मीनाक्षी (त्रिशूल) कांस्य पदक रहे। 400 मीटर रिले रेस स्पर्धा में अलकनंदा स्वर्ण, त्रिशूल रजत, व नंदा कांस्य पदक विजेता रहे।

खो-खो मिक्स (4 बालक, 4 बालिका) अलकनंदा पिंडार। हर्डल रेस अमित (त्रिशूल) स्वर्ण, आदित्य (पिंडार) रजत, चांदनी (अलकनंदा) कांस्य पदक विजेता रहे। ओवरऑल हाउस विनर कड़ी प्रतिस्पर्धा के बाद, अलकनंदा हाउस ने 255 अंक हासिल कर ओवरऑल हाउस विनर का खिताब जीता। प्रथम विजेता अलंनंदा, 255 अंक, द्वितीय विजेता त्रिशूल 232 अंक, तृतीय विजेता 185 अंक रहे।

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खेलों का संचालन इंटेंसिव केयर सेन्टर के प्रोजेक्ट लीडर संचित कुमार और शिक्षक कुलदीप सिंह चौहान ने रेफरी के रूप में किया। कार्यक्रम बच्चों के लिए प्रेरणा और खुशी का एक सफल मिश्रण साबित हुआ।

कार्यक्रम की मुख्य अतिथि जिला प्रोबेशन अधिकारी  मीना बिष्ट, श्रवण कुमार शर्मा, प्रधानाचार्य, साधुराम इंटर कॉलेज, विवेक कुमार और अशोक बिष्ट, मैनेजर, संचित कुमार आसरा ट्रस्ट, मानसी शर्मा, कॉर्डिनेटर समर्पण, दीक्षा धीमान, असिस्टेंट कॉर्डिनेटर, उदयनि शालिनी फाउंडेशन, आदि उपस्थित रहे।